‘पाषाण युग में पहुंचा देंगे’- ट्रंप की खुली धमकी, ईरान पर बड़े हमले का ऐलान

The Red Ink: मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच Donald Trump ने एक बार फिर तीखा बयान देकर हालात और गर्म कर दिए हैं। ट्रंप ने साफ कहा है कि अमेरिका आने वाले दो से तीन हफ्तों में Iran पर बड़ा हमला करेगा और उसे “पाषाण युग” में पहुंचा देगा।

2-3 हफ्तों में बड़ा हमला, फिर वापसी?
भारतीय समयानुसार गुरुवार सुबह व्हाइट हाउस में अपने संबोधन में ट्रंप ने कहा, “हम अगले दो से तीन हफ्तों में उन पर बहुत बड़ा हमला करने जा रहे हैं. हम उन्हें वापस पाषाण युग में पहुंचा देंगे, जो उनकी जगह है.” उन्होंने दोहराया कि अमेरिका जल्द ही ईरान से बाहर निकल जाएगा। इससे पहले ट्रंप प्रशासन ने दावा किया था कि यह संघर्ष 4 से 6 हफ्तों से ज्यादा नहीं चलेगा। अपने 19 मिनट के भाषण में ट्रंप ने कहा कि युद्ध का मकसद पूरा होने के बेहद करीब है।

‘Epic Fury’- जंग को बताया ज़रूरी
ट्रंप ने कहा कि यह सैन्य कार्रवाई, जिसे अमेरिका ने ‘Epic Fury’ नाम दिया है, दुनिया और अमेरिका की सुरक्षा के लिए जरूरी है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 47 वर्षों में ईरान और उसके समर्थित समूहों ने कई हमले किए ईरान की सत्ता “हत्यारी” है। हाल के विरोध प्रदर्शनों में हजारों नागरिक मारे गए उन्होंने कहा, “ऐसे नेताओं को परमाणु हथियार हासिल करने की अनुमति नहीं दी जा सकती. मैं ऐसा कभी नहीं होने दूंगा.”

सहयोगियों का शुक्रिया, ईरान पर गंभीर आरोप
ट्रंप ने Israel और मिडिल ईस्ट के सहयोगी देशों- Saudi Arabia, Bahrain, Qatar, Kuwait और United Arab Emirates का धन्यवाद किया। उनके मुताबिक, बिना उकसावे के ईरान ने इन देशों पर हमला किया, जिससे वह क्षेत्र के लिए बड़ा खतरा साबित होता है।

‘ये युद्ध एक इन्वेस्टमेंट है’
ट्रंप ने इस युद्ध को अमेरिका की आने वाली पीढ़ियों के लिए “एक सच्चा निवेश” बताया। उन्होंने कहा कि 20वीं और 21वीं सदी के युद्ध वर्षों तक चले, जबकि यह संघर्ष अभी तक सिर्फ 32 दिनों से जारी है। उनका दावा है कि अब अमेरिकी नागरिक “परमाणु ब्लैकमेल” के खतरे से मुक्त हैं और अमेरिका पहले से ज्यादा सुरक्षित और मजबूत होगा।

तेल बाजार में उथल-पुथल, शेयर बाजार पर असर
ट्रंप के भाषण के तुरंत बाद अंतरराष्ट्रीय तेल कीमतों में उछाल आया ब्रेंट क्रूड करीब 4% बढ़कर 105.38 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गया। एशियाई शेयर बाजारों में गिरावट दर्ज हुई Strait of Hormuz, जहां से दुनिया की करीब 20% ऊर्जा सप्लाई गुजरती है, अभी भी लगभग बंद है। संघर्ष 28 फरवरी से जारी है और ईरान ने इस जलमार्ग से गुजरने वाले जहाजों पर हमले की धमकी दी थी।

एशिया पर सीधा असर
जापान का निक्केई करीब 1.5% गिरा, दक्षिण कोरिया का कोस्पी 2.6% नीचे गया और हांगकांग का हैंग सेंग भी 1% गिरावट के साथ कारोबार कर रहा है। भारत, जापान और दक्षिण कोरिया जैसे देश मिडिल ईस्ट की ऊर्जा सप्लाई पर निर्भर हैं, इसलिए यह तनाव सीधे बाजारों को प्रभावित कर रहा है।

ट्रंप की रणनीति पर उठे सवाल
ट्रंप के भाषण के बाद कई विशेषज्ञों ने सवाल खड़े किए हैं। पूर्व अमेरिकी विदेश मंत्री के सलाहकार रह चुकीं Melissa Toffenian ने कहा कि इस भाषण से कोई स्पष्ट योजना सामने नहीं आई। वहीं Ivo Daalder ने सवाल उठाया कि अगर ईरान की सैन्य क्षमता खत्म हो चुकी है, तो फिर कार्रवाई क्यों जारी है? उनका कहना है कि इससे अमेरिका ज्यादा सुरक्षित हुआ है, ऐसा नहीं लगता।

ट्रंप के शब्द साफ हैं- हमला भी होगा और वापसी भी
लेकिन सवाल ये है अगर मकसद पूरा हो चुका है, तो युद्ध जारी क्यों है? और अगर खतरा खत्म हो गया, तो “पाषाण युग” वाली चेतावनी क्यों? फिलहाल एक बात तय है, बयानबाज़ी से ज्यादा खतरनाक अब अगला कदम होगा।

Hot this week

सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: वोटिंग से 48 घंटे पहले नाम जुड़ा तो भी डाल सकेंगे वोट

The Red Ink पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता...

Topics

Related Articles

Popular Categories