The Red Ink
राजधानी लखनऊ के King George’s Medical University (KGMU) में एक फर्जी डॉक्टर पकड़े जाने से हड़कंप मच गया। आरोपी को मंगलवार को सामने लाया गया, जिसके बाद उसे पुलिस के हवाले कर दिया गया।
मेडिकल कैंप के जरिए बना रहा था पकड़
यूनिवर्सिटी प्रशासन के मुताबिक, आरोपी खुद को डॉक्टर बताकर शहर में मेडिकल कैंप आयोजित कर रहा था। इसी दौरान वह छात्राओं से संपर्क बढ़ाता और उन्हें अपने प्रभाव में लेने की कोशिश करता था।
छात्राओं को बाहर ले जाने की थी योजना
जांच में सामने आया कि आरोपी ने कुछ छात्राओं को All India Institute of Medical Sciences में विदेशी डॉक्टरों से मिलवाने का लालच दिया था। इसी बहाने उन्हें लखनऊ से बाहर ले जाने की योजना बनाई जा रही थी।
जांच टीम की नजर में आया मामला
KGMU के प्रवक्ता Dr. K. K. Singh ने बताया कि हाल ही में सामने आए एक अन्य संदिग्ध मामले के बाद कुलपति के निर्देश पर जांच टीम गठित की गई थी। टीम को सूचना मिली थी कि कुछ लोग छात्राओं को बहला-फुसलाकर अपने जाल में फंसाने की कोशिश कर रहे हैं। इसके बाद निगरानी बढ़ाई गई और पूरे मामले का खुलासा हुआ।
मौके पर पहुंचकर पकड़ा गया आरोपी
20 अप्रैल को लगे एक मेडिकल कैंप में जांच टीम के सदस्य खुद पहुंचे, जहां करीब 20 छात्राएं मौजूद थीं। इसी दौरान हसम अहमद नाम के युवक पर शक गहराया। पूछताछ में उसकी शैक्षणिक डिग्री फर्जी पाई गई, जिसके बाद उसे तुरंत पुलिस के हवाले कर दिया गया।
गंभीर आरोपों की जांच जारी
आरोपी पर छात्राओं को प्रेमजाल में फंसाने और ब्रेनवॉश करने के भी आरोप लगाए गए हैं। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क और उसकी गतिविधियों की जांच में जुटी हुई है।




