The Red Ink
उत्तर प्रदेश से रिश्तों को झकझोर देने वाला एक मामला सामने आया है। हापुड़ की जिला पूर्ति अधिकारी (डीएसओ) सीमा चौधरी के खिलाफ उनकी ही मां ने पुलिस में मुकदमा दर्ज कराया है। शिकायत में मां ने आरोप लगाया है कि बेटी और उसके साथियों ने उनकी जमीन पर कब्जा करने की साजिश रची, बैंक खाते का बिना अनुमति इस्तेमाल किया और उसमें कथित तौर पर 15 लाख रुपये जमा कराए। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मां ने बेटी समेत पांच लोगों पर लगाए गंभीर आरोप
सहारनपुर निवासी मुनेश रानी ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि उनकी बेटी सीमा चौधरी सहित राजेंद्र राणा, संजीव कुमार, गंभीर और नरेश ने मिलकर उनकी संपत्ति पर कब्जा करने की योजना बनाई। शिकायत के अनुसार, सितंबर 2023 से इस पूरी साजिश की शुरुआत हुई और कथित तौर पर जमीन से जुड़े दस्तावेजों में हेरफेर करने की कोशिश की गई।
‘बिना जानकारी खाते में डाले गए 15 लाख रुपये’
मुनेश रानी का दावा है कि उनकी जानकारी और सहमति के बिना उनके बैंक खाते में 15 लाख रुपये जमा कराए गए। उन्होंने आरोप लगाया कि खाते का संचालन भी उनकी अनुमति के बिना किया जा रहा था। शिकायत में उन्होंने इन पैसों को कथित तौर पर “काली कमाई” बताया है और पूरे लेनदेन की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
फर्जी दस्तावेज और जाली हस्ताक्षर कराने का भी आरोप
एफआईआर में आरोप लगाया गया है कि जमीन अपने नाम कराने के उद्देश्य से फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए और जाली हस्ताक्षरों का इस्तेमाल किया गया। शिकायतकर्ता का कहना है कि इस पूरे मामले में सुनियोजित तरीके से धोखाधड़ी की गई।
जान से मारने की धमकी देने का आरोप
मुनेश रानी ने यह भी आरोप लगाया है कि शिकायत करने के बाद उन्हें लगातार धमकियां दी जा रही हैं। उनका कहना है कि आरोपी उन्हें जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। उन्होंने पुलिस से अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा, जांच शुरू
सहारनपुर पुलिस ने शिकायत के आधार पर सीमा चौधरी समेत पांच लोगों के खिलाफ संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है और पुलिस का कहना है कि सभी आरोपों की साक्ष्यों के आधार पर पड़ताल की जाएगी।
अभी सामने नहीं आया डीएसओ का पक्ष
इस मामले में जिला पूर्ति अधिकारी सीमा चौधरी की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। यदि उनका पक्ष सामने आता है तो उसे भी खबर में शामिल किया जाएगा।




