अतुल प्रधान बोले: अखिलेश यादव का चुनावी शंखनाद मिहिर भोज कॉलेज से, पश्चिमी यूपी में जागृति की शुरुआत

The Red Ink ने समाजवादी पार्टी के नेता अतुल प्रधान से बात की, जो अखिलेश यादव की 29 मार्च को होने वाली चुनावी रैली की तैयारियों में जुटे हुए हैं। उन्होंने बताया कि कैसे मिहिर भोज कॉलेज से चुनावी अभियान की शुरुआत होगी और किस तरह यह कार्यक्रम गुर्जर समाज और पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए ऐतिहासिक महत्व रखता है। देखें पूरा इंटरव्यू-

Question1: सर, आप गांव-गांव जाकर लोगों में आह्वाहन कर रहे हैं। आखिर क्या कर रहे हैं आप?

अतुल प्रधान: हम लगातार लोगों के बीच जा रहे हैं। कई दिनों से अलग-अलग जगहों पर तैयारियां चल रही हैं। यह मिहिर भोज डिग्री कॉलेज उस जगह का प्रतीक है, जहां पांच साल पहले गुर्जर समाज को हटाया गया था। उस समय इस सरकार के मुख्यमंत्री अजय कुमार बिष्ट ने गुर्जर नाम हटा दिया था।
आज पांच साल बाद, माननीय अखिलेश यादव इसी मिहिर भोज डिग्री कॉलेज से अपने चुनावी अभियान का शंखनाद करेंगे। यह हमारे और खास तौर पर गुर्जर समाज के लिए गर्व की बात है कि उन्होंने हम पर इतना विश्वास जताया।

Question2: पश्चिमी यूपी और गुर्जर समाज में इस रैली का क्या महत्व है?

अतुल प्रधान: पश्चिमी उत्तर प्रदेश, खासकर गौतम बुद्ध नगर, नोएडा और दादरी में बड़ी संख्या में लोग आएंगे। गुर्जर समाज के साथ-साथ अन्य वर्गों के लोग भी इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में शामिल होंगे। इसका मकसद पूरे समाज में एक जागृति पैदा करना है और 2027 चुनावी तैयारियों की शुरुआत करना है।

Question3: क्या यह कार्यक्रम मिहिर भोज की मूर्ति के सामने से शंखनाद के रूप में होगा?

अतुल प्रधान: हां, यह हमारे लिए गर्व की बात है। अखिलेश यादव दादरी मिहिर भोज कॉलेज से चुनावी अभियान शुरू करेंगे। यह ऐतिहासिक प्रोग्राम होने जा रहा है और हम सब इसके साक्षी होंगे।

Question4: 2027 के चुनाव और समाजवादी पार्टी की संभावनाओं के बारे में आपकी राय क्या है?

अतुल प्रधान: मेरा मानना है कि आम लोगों की चर्चा यही है कि 2027 में समाजवादी पार्टी प्रचंड बहुमत से सत्ता में आएगी। अखिलेश यादव फिर से मुख्यमंत्री बनेंगे और प्रदेश खुशहाली और तरक्की की राह पर आगे बढ़ेगा।

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