The Red Ink
भारतीय जनता पार्टी के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने अयोध्या की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि श्रीराम मंदिर की सुरक्षा राष्ट्रपति भवन, प्रधानमंत्री आवास और संसद परिसर की तर्ज पर होनी चाहिए, लेकिन इसके नाम पर पूरी अयोध्या को बैरियर लगाकर बंद कर देना उचित नहीं है। रविवार को गोंडा में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होनी चाहिए, लेकिन आम लोगों की आवाजाही पर अनावश्यक प्रतिबंध नहीं लगाए जाने चाहिए।
‘पूरी अयोध्या को बंद करना सही नहीं’
बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री या राष्ट्रपति के आवास के आसपास भी सड़कें हमेशा बंद नहीं रहतीं। केवल विशेष अवसरों या वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान सीमित समय के लिए रूट डायवर्ट किया जाता है। उनका कहना था कि अयोध्या में भी इसी तरह की व्यवस्था लागू होनी चाहिए, न कि पूरे शहर को बैरियर लगाकर प्रतिबंधित क्षेत्र बनाया जाए।
राम मंदिर चढ़ावा विवाद पर बोले- जांच पूरी होने दें
राम मंदिर चढ़ावा मामले पर पूछे गए सवाल के जवाब में पूर्व सांसद ने कहा कि उन्होंने पहले भी इस मुद्दे को उठाया था और पिछले कई वर्षों से प्रशासन का ध्यान इस ओर दिलाते रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि रंगमहल मंदिर के आसपास लगाए गए बैरियर को लेकर भी उन्होंने लगातार सवाल उठाए हैं। हालांकि उन्होंने कहा कि फिलहाल मामले की जांच जारी है, इसलिए इस समय विस्तृत टिप्पणी करना उचित नहीं होगा। जांच पूरी होने के बाद ही वह बताएंगे कि कार्रवाई सही दिशा में हुई या नहीं।
यौन शोषण मामले पर दोहराया अपना रुख
अपने खिलाफ चल रहे यौन शोषण मामले का जिक्र करते हुए बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि अदालत में सुनवाई पूरी हो चुकी है और फैसला सुरक्षित रखा गया है। उन्होंने दोहराया कि यदि उनके खिलाफ लगाए गए आरोप सही साबित होते हैं तो वह फांसी की सजा स्वीकार करने को तैयार हैं। उन्होंने यह भी कहा कि शिकायतकर्ताओं के आरोपों में घटना की तारीख, समय और स्थान को लेकर स्पष्टता नहीं है। उनके अनुसार, अदालत के समक्ष बचाव पक्ष ने अपना पक्ष मजबूती से रखा है और उन्हें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है।




