बंगाल में बढ़ा सियासी तनाव: Suvendu Adhikari के करीबी सहयोगी की गोली मारकर हत्या

The Red Ink
पश्चिम बंगाल में चुनाव बाद जारी राजनीतिक तनाव के बीच बीजेपी नेता और नेता प्रतिपक्ष Suvendu Adhikari के निजी सहायक चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना के बाद राज्य की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। बीजेपी ने इसे “सुनियोजित साजिश” बताया है, जबकि सत्तारूढ़ टीएमसी ने भी मामले की कड़ी जांच की मांग की है।

कोलकाता के पास हुई वारदात
जानकारी के मुताबिक यह हमला कोलकाता के करीब मध्यमग्राम इलाके में हुआ। चंद्रनाथ रथ जिस वाहन में सवार थे, उस पर विधानसभा का पास लगा हुआ था। हमले के बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

पुलिस जांच में जुटी, संदिग्ध वाहन बरामद
राज्य पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों के मुताबिक जिस वाहन का इस्तेमाल हमले में किया गया, उसे जब्त कर लिया गया है। शुरुआती जांच में वाहन की नंबर प्लेट संदिग्ध पाई गई है। घटनास्थल से कारतूस भी बरामद हुए हैं। पुलिस अब चश्मदीदों के बयान और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।

बीजेपी ने बताया ‘प्लान्ड मर्डर’
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए Suvendu Adhikari ने कहा कि यह कोई सामान्य अपराध नहीं, बल्कि पूरी योजना के तहत की गई हत्या है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले कुछ दिनों से रेकी की जा रही थी और यह घटना राज्य में फैले “राजनीतिक जंगलराज” का परिणाम है। बीजेपी नेताओं ने कहा कि पार्टी नेतृत्व लगातार परिवार के संपर्क में है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करेगा।

टीएमसी ने भी की निंदा, CBI जांच की मांग
वहीं तृणमूल कांग्रेस ने भी इस हत्या की निंदा की है। पार्टी ने बयान जारी कर कहा कि राजनीतिक हिंसा लोकतंत्र के लिए खतरनाक है और दोषियों को जल्द सजा मिलनी चाहिए। टीएमसी ने अदालत की निगरानी में सीबीआई जांच की मांग करते हुए कहा कि राज्य में हाल के दिनों में विभिन्न दलों के कार्यकर्ताओं की हत्या चिंता का विषय है।

कौन थे चंद्रनाथ रथ?
41 वर्षीय चंद्रनाथ रथ पूर्व मेदिनीपुर जिले के रहने वाले थे और लंबे समय से Suvendu Adhikari के करीबी सहयोगियों में गिने जाते थे। राजनीतिक गलियारों में उन्हें संगठन और रणनीति संभालने वाला अहम चेहरा माना जाता था। बताया जाता है कि राजनीति में आने से पहले उन्होंने भारतीय वायु सेना में भी लंबी सेवा दी थी। बाद में प्रशासनिक और राजनीतिक समन्वय की जिम्मेदारियों में सक्रिय हो गए।

चुनाव बाद हिंसा के बीच नई चुनौती
बंगाल में चुनाव परिणाम आने के बाद पहले से ही हिंसा और टकराव की घटनाएं सामने आ रही थीं। ऐसे माहौल में चंद्रनाथ रथ की हत्या ने राजनीतिक तनाव को और बढ़ा दिया है। राज्य में कानून-व्यवस्था को लेकर विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है, जबकि प्रशासन हालात को नियंत्रण में बताने की कोशिश कर रहा है।

चंद्रनाथ रथ की हत्या ने पश्चिम बंगाल की सियासत को फिर उबाल पर ला दिया है। एक तरफ बीजेपी इसे राजनीतिक साजिश बता रही है, तो दूसरी ओर टीएमसी भी निष्पक्ष जांच की मांग कर रही है। आने वाले दिनों में इस मामले को लेकर राजनीतिक टकराव और तेज होने के संकेत मिल रहे हैं।

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