UP Politics में JPNIC को लेकर अखिलेश यादव का सरकार पर निशाना…
UP Politics में जयप्रकाश नारायण अंतरराष्ट्रीय केंद्र (JPNIC) को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। लखनऊ में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने JPNIC को निजी हाथों में सौंपने की तैयारियों को लेकर भारतीय जनता पार्टी की सरकार पर तीखा हमला बोला है।
अखिलेश यादव ने सवाल उठाया कि जिस केंद्र का निर्माण जनता के टैक्स के पैसे से हुआ, उसे निजी हाथों में क्यों सौंपा जा रहा है। उन्होंने सरकार की मंशा पर सवाल खड़े करते हुए JPNIC के निर्माण और उससे जुड़े फैसलों की जांच की मांग भी उठाई।
‘10 साल तक सरकार क्या सिर्फ जांच करती रही?’
सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार 10 साल में भी JPNIC का निर्माण कार्य पूरा नहीं करा पाई। उन्होंने सरकार पर तंज कसते हुए सवाल किया कि इतने लंबे समय में सरकार क्या सिर्फ जांच ही करती रही।
अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार लोकनायक जयप्रकाश नारायण के नाम पर खलनायक का काम कर रही है। उनका यह बयान JPNIC को लेकर राज्य सरकार और समाजवादी पार्टी के बीच चल रहे राजनीतिक विवाद को और तेज करता है।
JPNIC को निजी हाथों में देने पर उठाया सवाल
अखिलेश यादव ने कहा कि JPNIC का निर्माण जनता के टैक्स से हुआ है। ऐसे में इसे निजी हाथों में सौंपने की जरूरत पर सरकार को जवाब देना चाहिए।
उन्होंने सरकार की नीयत पर सवाल उठाते हुए कहा कि जिस संपत्ति और केंद्र के निर्माण में जनता का पैसा लगा है, उसके भविष्य को लेकर पारदर्शिता होनी चाहिए।
सपा अध्यक्ष ने इस मुद्दे को सिर्फ एक इमारत या जमीन से जुड़ा मामला नहीं बताया, बल्कि इसे लोकनायक जयप्रकाश नारायण की विरासत से जोड़कर सरकार पर निशाना साधा।
BJP के नाम में JP, फिर भी विचारों का अपमान क्यों?
अखिलेश यादव ने अपने बयान में बीजेपी के नाम का भी जिक्र करते हुए सरकार पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि बीजेपी के नाम में भी ‘JP’ अक्षर हैं, इसके बावजूद पार्टी लोकनायक जयप्रकाश नारायण के विचारों और उनकी विरासत का सम्मान नहीं कर रही है।
उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा कि अगर बीजेपी वालों का बस चले तो वे अपनी पार्टी ‘बीजेपी’ को भी बेच दें।
अखिलेश के इस बयान के बाद JPNIC का मुद्दा एक बार फिर उत्तर प्रदेश की राजनीति में चर्चा के केंद्र में आ गया है।
सरकार बनने पर जांच कराने की चेतावनी
सपा प्रमुख ने कहा कि अगर उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनती है तो JPNIC से जुड़े पूरे मामले की गहन जांच कराई जाएगी।
उन्होंने दावा किया कि इस मामले में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं की जांच के साथ उन अधिकारियों की भूमिका भी देखी जाएगी, जो इस पूरे मामले में शामिल रहे हैं।
अखिलेश यादव ने कहा कि जांच के दौरान अगर किसी अधिकारी की भूमिका सामने आती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
JPNIC को लेकर सियासी टकराव जारी
जयप्रकाश नारायण अंतरराष्ट्रीय केंद्र लखनऊ में समाजवादी पार्टी के लिए लंबे समय से राजनीतिक और भावनात्मक महत्व रखता है। अखिलेश यादव पहले भी JPNIC को लेकर बीजेपी सरकार पर सवाल उठाते रहे हैं।
अब इसे निजी हाथों में सौंपे जाने की तैयारियों को लेकर सपा प्रमुख ने एक बार फिर सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने इसे जनता के पैसे और लोकनायक जयप्रकाश नारायण की विरासत से जुड़ा सवाल बताया है।
UP Politics में JPNIC को लेकर अखिलेश यादव के ताजा बयान ने आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सियासी बहस और तेज होने के संकेत दे दिए हैं। अब सरकार की ओर से अखिलेश यादव के आरोपों और सवालों पर क्या जवाब दिया जाता है, इस पर सबकी नजर रहेगी।




