Russia Ukraine War में एक बार फिर दोनों देशों के बीच हमले तेज हो गए हैं। रूस और यूक्रेन की ओर से रातभर किए गए हमलों में कम से कम 12 लोगों की मौत होने की खबर है। रूस ने यूक्रेनी ड्रोन हमलों में सात लोगों के मारे जाने का दावा किया है, जबकि यूक्रेन ने रूसी हमलों में पांच नागरिकों की मौत की पुष्टि की है।
रूस का दावा- यूक्रेनी हमलों में 7 लोगों की मौत
रूस के रोस्तोव क्षेत्र के गवर्नर यूरी स्ल्यूसर के मुताबिक, रातभर हुए यूक्रेनी हमलों में पांच लोगों की जान चली गई। हमलों से कई इमारतों को नुकसान पहुंचा और जंगल के दो हिस्सों में आग लग गई।
वहीं, बेलगोरोद क्षेत्र के गवर्नर व्याचेस्लाव ग्लैडकोव ने बताया कि राकित्यान्स्की जिले में एक बस को निशाना बनाए जाने से एक महिला की मौत हो गई, जबकि दूसरी महिला गंभीर रूप से घायल हो गई।
मॉस्को क्षेत्र के रामेंस्की इलाके में भी ड्रोन हमले की घटना सामने आई, जहां 83 वर्षीय एक बुजुर्ग की मौत हो गई। मॉस्को के मेयर सर्गेई सोब्यानिन ने दावा किया कि राजधानी की ओर बढ़ रहे 600 से ज्यादा यूक्रेनी ड्रोन को रूसी वायु रक्षा प्रणाली ने मार गिराया।
यूक्रेन में भी पांच लोगों की मौत
दूसरी ओर, यूक्रेन ने रूसी हमलों में पांच लोगों के मारे जाने की जानकारी दी है। क्रिवी रिह के मेयर के अनुसार, हमले के बाद मलबे से 44 वर्षीय एक व्यक्ति का शव बरामद किया गया, जबकि एक अन्य व्यक्ति की भी मौत हुई है।
हमले में एक स्टील प्लांट के 14 कर्मचारी घायल हुए। रूस का दावा है कि इस संयंत्र में सैन्य उपकरणों के लिए कलपुर्जे तैयार किए जा रहे थे।
ज़ापोरिज़्ज़िया क्षेत्र में एक मकान तबाह होने से 60 वर्ष की उम्र के दो लोगों की मौत हो गई। वहीं राजधानी कीव में लगातार हवाई हमलों के कारण एक बाजार में आग लग गई, जिसे बाद में बुझा दिया गया।
कीव पर कई बार हवाई हमले
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर ज़ेलेंस्की ने कहा कि रात से रविवार सुबह तक कीव पर चार बार हवाई हमले किए गए। इन हमलों में छह लोग घायल हुए हैं।
रूस का कहना है कि उसके हमलों का निशाना यूक्रेन की मिसाइल और ड्रोन निर्माण से जुड़ी सैन्य सुविधाएं थीं।
रूसी रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि उसने पोल्टावा क्षेत्र की क्रेमेनचुक तेल रिफाइनरी और ओडेसा के पास एक ड्राई कार्गो जहाज को भी निशाना बनाया।
बढ़ता जा रहा है युद्ध का दायरा
रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध में हाल के दिनों में ड्रोन और मिसाइल हमलों की संख्या बढ़ी है। दोनों पक्ष एक-दूसरे के सैन्य और रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाने का दावा कर रहे हैं। ताजा हमलों ने एक बार फिर यह संकेत दिया है कि संघर्ष फिलहाल थमता नजर नहीं आ रहा है।




